NATIONAL GAMES
राजीव गाँधी खेल रत्न अवार्ड
- यह भारत का सबसे बड़ा खेल पुरुस्कार है
- इसकी शुरुआत 1991-92 में हुई थी
पहला पुरुस्कार (चैस मास्टर ) विश्वनाथन आंनद को दिया गया था
2016 में 4 खिलाडी को दिया गया था
साल 2020 में 5 खिलाडी को यह पुरुस्कार दिया गया है
- रोहित शर्मा (क्रिकेट )
- मनिका बत्रा (टेबल टेनिस )
- मरियप्पन यगावालु (पेरा एथलीट हाई जम्पर )
- विनेश फोगाट (रेसलिंग)
- रानी रामपाल (महिला हॉकी)
IMPORTANT – रोहित शर्मा चौथे क्रिकेटर है जिन्हे राजीव गाँधी खेल रत्न पुरुस्कार से सम्मानित किया गया है उनसे पहले सचिन , धोनी और विराट को भी इससे सम्मानित किया जा चूका है
सचिन – 1997 ( 1994 में अर्जुन अवार्ड , पद्मा श्री 1999 , पद्मा विभूषण 2008 ) 2013 – भारत रत्न
धोनी – 2007 ( पद्मा श्री 2009 , पद्मा भूषण 2018 )
विराट – 2018 ( पदम् श्री 2017 )
पहली महिला
कर्णम मल्लेश्वरी – 1999 ( वेट लिफ्टर ) 1995 गोल्ड मेडल जीता ओलिंपिक में
अर्जुन पुरुस्कार
खेल के क्षेत्र में अच्छा प्र्दशन करने वाले खिलाडी को इससे सम्मानित किया जाता है सबसे पुराना राष्ट्रीय खेल पुरुस्कार
- इसकी शुरुआत 1961 में हुई थी
- 2020 में कुल 27 खिलाड़िओ को इससे सम्मानित किया गया है
- ये प्रति 4 वर्ष में दिया जाता है
- उन खिलाडी को दिया जाता है जो बेहतरीन प्रदर्शन , अनुशासन
- पहला पुरुस्कार सलीम दुरानी क्रिकेटर को दिया गया
27 खिलाडी में से कुछ ख़ास खिलाडी
- दुती शर्मा (एथलेटिक्स )
- इशांत शर्मा (क्रिकेट)
- दीप्ती शर्मा (महिला क्रिकेट)
- दिव्या काकरन (रेसलिंग)
- मनु भाकर (शूटिंग)
- सौरभ चौधरी (शूटिंग )
- दंतु बबन भोकानल (रोइंग)
द्रोणाचार्य पुरुस्कार
- भारत में प्रतिभाशाली कोच को दिया जाने वाला अवार्ड इसकी शुरुआत 1985 में हुई थी
- यह पुरुस्कार प्रसिक्षको को उनके द्वारा अंतर्राष्ट्रीय खेल स्पर्धाओ में देश का मैं बढ़ाने के लिए प्राप्त हुआ
- जिनका योगदान कम से कम 3 वर्षो तक शानदार प्रसिक्षक के आधार पर देश का गौरव बढ़ाने के लिए प्राप्त होता है
- रेसलर कोच भालचंद्र भास्कर भागवत को प्रथम द्रोणाचार्य अवार्ड प्राप्त हुआ
इसमें दो तरह के अवार्ड दिए जाते है 1 आजीवन (Lifetime ) और 2 नियमित (Regular )
2020 में 8 (Lifetime Achievement) अवार्ड दिया गए
जिनमे कुछ ख़ास है
- धर्मेंद्र तिवारी (तीरंदाजी )
- नरेश कुमार (टेनिस)
- ओम प्रकाश ( कुश्ती )
रेगुलर
- जसपाल राणा ( शूटिंग )
मेजर ध्यानचंद अवार्ड
- खेल के क्षेत्र में लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड है
- इसकी शुरुआत 2002 में हुई
- 2020 में 15 व्यक्ति को इससे सम्मानित किया गया है
सचिन नाग (तैराकी
ध्यानचंद अवार्ड
शुरुआत – 2002
खेल-खुद में आजीवन उपलब्धि के लिए वर्ष 2002 में दिया जाने वाला सर्वोच्च पुरुस्कार है
पहला पुरुस्कार – अपर्णा घोष
मौलाना अबुल कलाम आजाद ट्रॉफी
- इसकी शुरुआत 1956-57 में हुई
- ये Inter University Tournament में दिया जाने वाला सबसे बड़ा पुरुस्कार है
- पुरुस्कार में 15 लाख रुपया प्राप्त होते है
- 2020 में इस ट्रॉफी को PU ( Panjab University ) ने जीता है साथ ही खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम जो उड़ीसा में हुए थे उनमे भी विजेता PU ( Panjab University ) थी जो अब तक कुल 15 बार इसे जित चुकी है साथ ही पंजाब यूनिवर्सिटी जो पटियाला में है वो भी इसे 9 बार अपने नाम कर चुकी है
- गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी इसे अब तक कुल 22 बार अपने नाम कर चुकी है अंतिम बार 2018 में उन्होंने ट्रॉफी पर अपना कब्ज़ा किया था
- दिल्ली यूनिवर्सिटी भी इसे 14 बार जित चुकी है
- पहला पुरुस्कार बॉम्बे यूनिवर्सिटी ने प्राप्त किये जिसने 3 बार प्राप्त किया
नई विजेता राशि
अवार्ड नई राशि
- राजीव गाँधी खेल रत्न पुरुस्कार 25 लाख
- अर्जुन अवार्ड 15 लाख
- द्रोणाचार्य अवार्ड 10 लाख
- ध्यानचंद अवार्ड 15 लाख
- मौलाना अबुल कलाम ट्रॉफी 15 लाख